मकान मालिक सिक्योरिटी डिपॉज़िट वापस नहीं कर रहा? क्या करें
अपडेट 2026-10 · सामान्य जानकारी, कानूनी सलाह नहीं। · समीक्षा: Ayush Sachan, Advocate, 2026-10-11 · समीक्षा कैसे होती है
मकान मालिक सिर्फ़ असली बकाया काट सकता है, जैसे बिना चुकाया किराया या सामान्य घिसाव से ज़्यादा नुक़सान। बाक़ी रक़म लौटाने से मना करे तो साफ़ लिखित सबूत और कानूनी नोटिस बहस से जल्दी काम करते हैं।
यह कब काम आता है
- आपने मकान ख़ाली कर दिया और डिपॉज़िट नहीं लौटा
- मकान मालिक ऐसी कटौतियाँ कर रहा है जिनसे आप सहमत नहीं
- मकान मालिक ने कॉल उठाना बंद कर दिया
कदम-दर-कदम
- 1
सबूत इकट्ठा करें
किराये का समझौता, डिपॉज़िट देने का सबूत, किराये की रसीदें, मकान छोड़ते समय की तस्वीरें और डिपॉज़िट पर हुई बातचीत।
- 2
लिखित माँग भेजें
मकान मालिक को ईमेल या मैसेज से रक़म और साफ़ तारीख़, जैसे 7 दिन, देकर डिपॉज़िट लौटाने को कहें।
- 3
कानूनी नोटिस भेजें
रजिस्टर्ड डाक से वकील का नोटिस आख़िरी समय-सीमा, आमतौर पर 15 दिन, देता है और अक्सर मामला सुलझा देता है।
- 4
पैसे वसूली का मामला दर्ज करें
फिर भी न मिले तो स्थानीय दीवानी अदालत में पैसे वसूली का मुक़दमा करें। आप डिपॉज़िट और, जहाँ अदालत माने, ब्याज माँग सकते हैं।
ज़रूरी बातें
- पैसे वसूली के मुक़दमे की समय-सीमा आमतौर पर 3 साल है
- किराये के नियम राज्य के हिसाब से अलग हैं
- हर मैसेज और रसीद सँभालकर रखें
अपनी मुफ़्त योजना पाइए
बताइए क्या हुआ। हम आपके विकल्प बताते हैं, पत्र तैयार करते हैं और हर समय-सीमा पर नज़र रखते हैं।
आम सवाल
क्या मकान मालिक पूरा डिपॉज़िट रख सकता है?
सिर्फ़ असली बकाया के लिए, जैसे बिना चुकाया किराया या नुक़सान। लिखित में हिसाब माँगें।
क्या लिखित समझौता ज़रूरी है?
बहुत मदद करता है, लेकिन बैंक ट्रांसफ़र, रसीदें और मैसेज भी डिपॉज़िट साबित कर सकते हैं।